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डिजिटल सशक्तिकरण के माध्यम से ग्रामीण आजीविका में परिवर्तन लाना
Raipur chhattisgarh VISHESH / शी-लीप्स का अर्थ समृद्धि और स्थिरता के लिए स्वयं-सहायता उद्यमी-आजीविका और उद्यम एप्लीकेशन है। यह भारत के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए एक डिजिटल मंच है। इसे उद्यम निर्माण और प्रदर्शन ट्रैकिंग के लिए एक एकीकृत मंच के माध्यम से किया जा रहा है। शी-लीप्स ग्रामीण महिलाओं के लिए आजीविका सृजन, उद्यम विकास और वित्तीय समावेशन का समर्थन करता है। यह कृषि और गैर-कृषि दोनों प्रकार के ग्रामीण उद्यमों को सहायता प्रदान करता है, जिसका उद्देश्य एक मजबूत और अधिक दीर्घकालिक ग्रामीण अर्थव्यवस्था का निर्माण करना है।

शी-लीप्स मोबाइल एप्लिकेशन को डिजिटल इंडिया कॉर्पोरेशन द्वारा तैयार किया गया है और इसे एलओकेओएस प्लेटफॉर्म के अंतर्गत कार्यान्वित किया गया है। एलओकेओएस एक डिजिटल सिस्टम है जिसे भारत भर में सामुदायिक संगठनों (सीबीओ) की गतिविधियों को रिकॉर्ड करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। इनमें स्वयं सहायता समूह, ग्राम संगठन और क्लस्टर स्तरीय संघ शामिल हैं। एलओकेओएस सीबीओ की गतिविधियों को डिजिटाइज़ करने में सहायता करता है, जैसे कि सदस्यों के रिकॉर्ड, वित्तीय लेनदेन और आजीविका संबंधी रिकॉर्ड रखना और समन्वय पहलों पर निगरानी रखना।
शी-लीप्स का शुभारंभ 29 जून, 2026 को नई दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय ग्रामीण विकास सम्मेलन में किया गया। ‘ग्रामोदय से राष्ट्रोदय’ विषय पर आधारित इस दो दिवसीय सम्मेलन में प्रमुख ग्रामीण विकास योजनाओं के कार्यान्वयन और प्रगति की समीक्षा की गई। इसका मुख्य उद्देश्य सरकार के ‘विकसित ग्राम- विकसित भारत’ के दृष्टिकोण को साकार करने के लिए रणनीतियां तैयार करना था।
शी-लीप्स का राष्ट्रव्यापी शुभारंभ
शी-लीप्स निम्नलिखित उद्देश्यों को पूरा करने पर केंद्रित है:
देशभर में ग्रामीण स्वयं सहायता समूह की महिला उद्यमियों को सशक्त बनाना।
ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं के नेतृत्व वाले उद्यमों का सृजन और उन्हें मजबूत बनाना।
ग्रामीण उत्पादकों को औपचारिक मूल्य श्रृंखलाओं से एकीकृत करना।
स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) परिवारों की वित्तीय समावेशन को बढ़ाना।
डेटा आधारित ग्रामीण उद्यमिता को बढ़ावा देना।
शी-लीप्स को 34 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में कार्यान्वित किया जाएगा। यह चयनित राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में राज्य ग्रामीण आजीविका मिशनों की सहायता करेगा। यह प्लेटफॉर्म वास्तविक समय में उद्यमों का डेटा एकत्र करता है, जिससे ग्रामीण आर्थिक गतिविधियों की बेहतर जानकारी मिलती है। इसके परिणामस्वरूप, यह प्रणाली कई स्तरों पर निगरानी को भी मजबूत करती है। इससे स्थानीय और राष्ट्रीय दोनों स्तरों पर निर्णय लेने में सहायता मिलेगी।
उद्यम विकास के लिए डिजिटल सेवाएं
शी-लीप्स विभिन्न क्षेत्रों में वास्तविक समय के परिचालन डेटा को एकत्रित करता है और आजीविका की पूरी यात्रा की निगरानी करता है। यह प्लेटफॉर्म प्रोफाइल निर्माण से लेकर उद्यम प्रदर्शन ट्रैकिंग तक हर चरण में सहायता प्रदान करता है। यह डिजिटल निगरानी को और मजबूत बनाता है, शासन में सुधार करता है और बेहतर योजना, हस्तक्षेप और सूचित नीतिगत निर्णयों को सक्षम बनाता है। शी-लीप्स मोबाइल एप्लिकेशन द्वारा दी जाने वाली सेवाएं इस प्रकार हैं:
शी-लीप्स, आय वृद्धि और उद्यम प्रदर्शन की संपूर्ण निगरानी प्रदान करके लखपति दीदी मिशन को मजबूती प्रदान करेगा। हाल ही में, सरकार ने लखपति दीदी योजना का लक्ष्य 3 करोड़ महिलाओं से बढ़ाकर 6 करोड़ कर दिया है।
सरकार अगले पांच वर्षों में लखपति दीदियों के लाभ के लिए 10 लाख करोड़ रुपये जारी करने की योजना बना रही है। यह महिला सशक्तिकरण के प्रति सरकार की एक बड़ी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। इसलिए, शी-लीप्स मोबाइल एप्लिकेशन बड़े पैमाने पर उद्यम विस्तार को समर्थन देने की इस योजना का एक अभिन्न अंग है।
महिलाओं के नेतृत्व वाली एक सशक्त ग्रामीण अर्थव्यवस्था का निर्माण
शी-लीप्स डिजिटल अवसंरचना, उद्यमिता और महिला सशक्तिकरण को मिलाकर ग्रामीण डिजिटल परिवर्तन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उद्यम विकास को समर्थन देकर और वित्तीय समावेशन को मजबूत करके, यह मंच लखपति दीदी मिशन को देशव्यापी स्तर पर फैलाने में सहायता करेगा। यह समावेशी और दीर्घकालिक ग्रामीण परिवर्तन का एक प्रमुख प्रेरक बनने के लिए तैयार है।





















