

Raipur chhattisgarh VISHESH / सूरजपुर। राष्ट्रीय हथकरघा दिवस के अवसर पर केंद्रीय संचार ब्यूरो, सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा जिले के सुदूर आदिवासी क्षेत्र मोरभांज, विकासखंड विश्रामपुर में एक दिवसीय जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य हथकरघा क्षेत्र के महत्व, देश की समृद्ध सांस्कृतिक एवं पारंपरिक विरासत के संरक्षण तथा बुनकरों एवं हस्तशिल्प से जुड़े कारीगरों के योगदान के प्रति आमजन को जागरूक करना था।
कार्यक्रम में हिमांशु सोनी ने कहा कि हथकरघा भारत की सदियों पुरानी कला, संस्कृति और परंपरा का अभिन्न हिस्सा है। देश के लाखों बुनकर अपने कौशल, परिश्रम और रचनात्मकता के माध्यम से भारतीय वस्त्र परंपरा को समृद्ध बनाने के साथ-साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूत कर रहे हैं। उन्होंने स्थानीय हथकरघा उत्पादों को प्रोत्साहित करने और स्वदेशी उत्पादों के उपयोग को बढ़ावा देने का आह्वान किया।

कार्यक्रम के दौरान हथकरघा क्षेत्र से संबंधित विभिन्न सरकारी योजनाओं, बुनकरों के लिए उपलब्ध सुविधाओं तथा उनके कल्याण के लिए संचालित योजनाओं की जानकारी दी गई। उपस्थित ग्रामीणों एवं प्रतिभागियों को हथकरघा उत्पादों के संरक्षण, संवर्धन एवं अधिकाधिक उपयोग के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित प्रतिभागियों ने देश की समृद्ध हथकरघा परंपरा के संरक्षण एवं स्थानीय हथकरघा उत्पादों के उपयोग को बढ़ावा देने का संकल्प लिया।





















