
नक्सल-मुक्त बस्तर का सपना हो रहा साकार
विकसित-सुरक्षित छत्तीसगढ़ ले रहा आकार !!

महासमुंद जिले के सीमावर्ती क्षेत्र में सक्रिय 15 सशस्त्र माओवादियों ने आज हिंसा का रास्ता छोड़कर समाज की मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया। लोकतंत्र पर विश्वास जताते हुए उन्होंने सुरक्षा, विकास और शांतिपूर्ण जीवन की राह चुनी।
आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों में 9 महिलाएँ और 6 पुरुष शामिल हैं, जिन पर कुल 73 लाख रुपये का इनाम घोषित था। अत्याधुनिक हथियारों के साथ उनका यह आत्मसमर्पण इस बात का प्रमाण है कि भटके हुए युवाओं का विश्वास अब सुशासन, सुरक्षा और विकास की राह पर लौट रहा है।
माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के कुशल नेतृत्व और केंद्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह जी के मार्गदर्शन में हम नक्सलवाद के पूर्णत: खात्मे की ओर अग्रसर हैं। भयमुक्त और विकसित-सुरक्षित छत्तीसगढ़ बनाना ही हमारा अटल संकल्प है।
श्री विष्णु देव साय
मुख्यमंत्री, छत्तीसगढ़ शासन





















