
Raipur chhattisgarh VISHESH / सुप्रीम कोर्ट के फ़ैसले के बाद अदालत पहुंचीं लेखिका ई. जीन कैरोल ने अनुरोध किया है कि वह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को जूरी की ओर से तय किए गए 50 लाख डॉलर के हर्जाने का भुगतान करने का आदेश दे.उन्होंने आरोप लगाया है कि 1990 के दशक के मध्य में ट्रंप ने मैनहैटन स्थित बर्गडॉर्फ गुडमैन डिपार्टमेंट स्टोर के ट्रायल रूम में उनका यौन उत्पीड़न किया था. दूसरी ओर ट्रंप ने इन आरोपों से इनकार किया है. 82 वर्षीय कैरोल पहले एक पत्रिका में स्तंभकार रह चुकी हैं.
तीन साल पहले एक दीवानी (सिविल) मामले में जूरी ने ट्रंप को कैरोल का यौन उत्पीड़न करने और बाद में उनकी मानहानि करने के लिए जिम्मेदार ठहराया था. लेखिका का ये अनुरोध अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट की ओर से ट्रंप की उस याचिका को खारिज किए जाने के एक दिन बाद आया है, जिसमें उन्होंने मामले की दोबारा सुनवाई की मांग की थी.

उनका यह भी आरोप है कि 2022 में ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट के जरिए ट्रंप ने उनके आरोपों को झूठा बताकर उनकी मानहानि की. मई 2023 में न्यूयॉर्क की एक जूरी ने कैरोल के पक्ष में 50 लाख डॉलर हर्जाना देने का फैसला सुनाया था.
कैरोल का आरोप था कि ट्रंप ने 1990 के दशक में उनका यौन उत्पीड़न किया था और बाद में सोशल मीडिया पर इस घटना को “झूठा और मनगढ़ंत” बताया था.





















