
सेवा से संकल्प, संकल्प से समृद्ध छत्तीसगढ़।
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी की सेवा संकल्प यात्रा की भावना से प्रेरित होकर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में नागरिकों की भागीदारी के साथ जागरूकता और जनसेवा के संकल्प को आगे बढ़ाया जा रहा है। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेशभर में ‘सेवा मेरा योगदान’ की भावना के साथ सेवा कार्य किए जा रहे हैं। समाज के हर वर्ग की सहभागिता से सेवा, समर्पण और जनकल्याण का यह संकल्प छत्तीसगढ़ में नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़ रहा है।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रदेशवासियों के नाम जारी अपनी अपील में कहा कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष राष्ट्र और जनसेवा को समर्पित किए हैं। प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिवस 17 सितंबर के परिप्रेक्ष्य में 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक पूरे देश में ‘सेवा संकल्प अभियान’ आयोजित किया जा रहा है।मुख्यमंत्री साय ने कहा कि सेवा छत्तीसगढ़ की संस्कृति और संस्कारों का अभिन्न हिस्सा है। प्रदेश का प्रत्येक नागरिक अपनी सहभागिता से इस अभियान को जनसेवा और जनभागीदारी का व्यापक उत्सव बनाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह अभियान सेवा के भाव को जन-जन तक पहुंचाने और समाज एवं राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों को सहभागिता के साथ निभाने का अवसर है। उन्होंने प्रदेशवासियों से आग्रह किया कि वे अपने गांव, शहर और आसपास स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, जरूरतमंदों की सहायता और जनसेवा से जुड़े कार्यों में सक्रिय सहभागिता निभाएं तथा अधिक से अधिक लोगों को भी इस अभियान से जोड़ें।
नमो सेवा गाथा’ के अंतर्गत नुक्कड़ नाटक के माध्यम से ग्रामीणों और आम नागरिकों को साइबर अपराध से बचाव एवं स्वच्छता के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया। इस अवसर पर जनभागीदारी के साथ ‘विकसित भारत’ के निर्माण का संकल्प भी लिया गया।जागरूक नागरिक, सशक्त समाज और विकसित छत्तीसगढ़ l मुख्यमंत्री साय ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में छत्तीसगढ़ अपनी सशक्त भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए संकल्पित है। विकसित भारत का संकल्प तभी साकार होगा, जब हमारे गांव विकसित हों, शहर आगे बढ़ें और प्रत्येक परिवार विकास की मुख्यधारा से जुड़े। सेवा संकल्प अभियान इस सामूहिक संकल्प को और मजबूत करने का अवसर है।
छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय (लोकप्रिय नाम: विष्णु भैया) के नेतृत्व में जनसेवा और सुशासन का एक नया अध्याय लिखा जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘राष्ट्र प्रथम, जनसेवा सर्वोपरि’ के विजन से प्रेरित होकर राज्य में 17 सितंबर से 17 अक्टूबर 2026 तक ‘सेवा संकल्प अभियान’ का भव्य आयोजन किया जा रहा है। यह अभियान केवल प्रशासनिक कवायद नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ को एक समृद्ध और विकसित राज्य बनाने का महा-संकल्प है।
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के विकसित छत्तीसगढ़ के विजन के अनुरूप पंजीयन सेवाओं को सरल, सुगम, पारदर्शी और नागरिक-केंद्रित बनाने के लिए विभिन्न सुधार किए गए हैं। महिलाओं के नाम संपत्ति पंजीयन पर शुल्क में रियायत, उपकर की समाप्ति और तकनीक आधारित सुविधाओं के विस्तार से नागरिकों को प्रत्यक्ष आर्थिक राहत मिलने के साथ रजिस्ट्री की प्रक्रिया भी आसान हुई है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सेवा छत्तीसगढ़ की संस्कृति और संस्कारों का अभिन्न हिस्सा है। प्रदेश का प्रत्येक नागरिक अपनी सहभागिता से इस अभियान को जनसेवा और जनभागीदारी का व्यापक उत्सव बनाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह अभियान सेवा के भाव को जन-जन तक पहुंचाने और समाज एवं राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों को सहभागिता के साथ निभाने का अवसर है। उन्होंने प्रदेशवासियों से आग्रह किया कि वे अपने गांव, शहर और आसपास स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, जरूरतमंदों की सहायता और जनसेवा से जुड़े कार्यों में सक्रिय सहभागिता निभाएं तथा अधिक से अधिक लोगों को भी इस अभियान से जोड़ें।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में गरीब कल्याण और विकास की योजनाओं ने लाखों परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है। पक्का आवास, स्वच्छ पेयजल, बिजली, सड़क, बेहतर स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी बुनियादी सुविधाओं का विस्तार हुआ है। विकास की प्रत्येक उपलब्धि के केंद्र में आम नागरिकों के पूरे होते सपने, उनका बढ़ता आत्मविश्वास और जीवन में आती खुशहाली है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में छत्तीसगढ़ अपनी सशक्त भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए संकल्पित है। विकसित भारत का संकल्प तभी साकार होगा, जब हमारे गांव विकसित हों, शहर आगे बढ़ें और प्रत्येक परिवार विकास की मुख्यधारा से जुड़े। सेवा संकल्प अभियान इस सामूहिक संकल्प को और मजबूत करने का अवसर है।
मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों का आह्वान करते हुए कहा कि आइए, हम सभी मिलकर ‘सेवा संकल्प अभियान’ को छत्तीसगढ़ में जनभागीदारी का उत्सव बनाएं। सेवा और जनकल्याण के कार्यों से जुड़कर विकसित भारत के निर्माण में विकसित छत्तीसगढ़ की सशक्त भागीदारी सुनिश्चित करें।
इस विशेष आलेख के माध्यम से आइए समझते हैं कि कैसे यह अभियान राज्य में सुशासन के सेतु के रूप में काम कर रहा है।
1. जनभागीदारी से ‘सेवा मेरा योगदान’ का मंत्र
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस अभियान को ‘जनभागीदारी का उत्सव’ बनाने का आह्वान किया है। ‘सेवा मेरा योगदान’ की भावना के साथ समाज का हर वर्ग—युवा, महिलाएं, जनप्रतिनिधि और कर्मचारी—इस अभियान से सीधे जुड़े हैं। अभियान की शुरुआत में पीएम मोदी के दीर्घायु होने और ‘विकसित भारत’ के संकल्प के लिए प्रदेशभर में ‘आशीर्वाद का दीया’ जलाया गया, जिसने जनता में एक नई ऊर्जा का संचार किया
2. प्रशासनिक पारदर्शिता और ‘डिजिटल गवर्नेंस’
विष्णु भैया के विजन के अनुरूप छत्तीसगढ़ में सुशासन को जमीनी स्तर पर उतारने के लिए डिजिटल टूल्स का व्यापक उपयोग किया जा रहा है।
ई-ऑफिस और अटल मॉनिटरिंग पोर्टल: योजनाओं की त्वरित और सटीक ट्रैकिंग के लिए Atal Monitoring Portal तथा पारदर्शी खरीद के लिए जीईएम (GeM) पोर्टल को अनिवार्य किया गया है, जिससे भ्रष्टाचार पर लगाम कसी जा सके।
पंजीयन व्यवस्था में सुधार: आम नागरिकों के समय और धन की बचत के लिए सरकारी पंजीयन प्रणालियों को सरल और पारदर्शी बनाया गया है
सरकार आपके द्वार’ : अंतिम छोर तक विकास
यह अभियान बस्तर और सरगुजा जैसे दूरस्थ अंचलों में ‘सरकार आपके द्वार’ के ध्येय वाक्य को चरितार्थ कर रहा है। बस्तर के अंतिम छोर तक शिक्षा, स्वास्थ्य और नई उम्मीदें पहुंचाई जा रही हैं, जिससे वहां का युवा मुख्यधारा से जुड़कर उपेक्षा के अंधकार से बाहर आ रहा है।
स्वच्छता, पर्यावरण और सामाजिक सरोकार
सेवा संकल्प अभियान के तहत केवल कागजी बातें नहीं, बल्कि धरातल पर कड़े श्रमदान किए जा रहे हैं,सामूहिक श्रमदान के माध्यम से लोगों ने स्वच्छता को अपने व्यवहार का हिस्सा बनाने पर जोर दिया जा रहा हैं l विधायक, प्रशासनिक अधिकारियों, कर्मचारियों और नागरिकों ने मिलकर संवारा धार्मिक एवं पर्यटन स्थल
सामूहिक श्रमदान: धार्मिक और पर्यटन स्थलों (जैसे खुड़िया रानी) में जनप्रतिनिधियों और स्थानीय नागरिकों ने मिलकर स्वच्छता अभियान चलाया, जिससे स्वच्छता लोगों के व्यवहार का हिस्सा बन रही है।
सेवा संकल्प बाइक यात्रा: जनसेवा के संदेश को सुदूर गांवों तक पहुंचाने के लिए युवाओं ने 23 दिवसीय बाइक यात्रा निकाली, जिसमें जगह-जगह पौधारोपण किया गया और किसानों की समस्याओं को सीधे सुना गया
विकसित छत्तीसगढ़ @ 2047 का रोडमैप
मुख्यमंत्री साय के नेतृत्व में राज्य अपनी समृद्ध वन संपदा, लघु वनोपज और चित्रकोट व बस्तर जैसे पर्यटन केंद्रों की बदौलत विकास का अपना अनूठा ‘छत्तीसगढ़ मॉडल’ विकसित कर रहा है। इस अभियान का अंतिम लक्ष्य हर नागरिक को केंद्र और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़कर वर्ष 2047 तक ‘विकसित छत्तीसगढ़’ की नींव को मजबूत करना है
निष्कर्ष
“सेवा का संकल्प, सुशासन का सेतु” केवल एक नारा नहीं है, बल्कि विष्णु भैया के संवेदनशील नेतृत्व में बदलते छत्तीसगढ़ की जीती-जागती तस्वीर है। सेवा, समर्पण और जन-कल्याण के इस एक महीने के महाभियान ने साबित कर दिया है कि जब नेतृत्व में इच्छाशक्ति हो और जनता का साथ हो, तो सुशासन का सेतु हर नागरिक की समृद्धि का मार्ग प्रशस्त कर देता है








