
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने शनिवार को ‘पाकिस्तान में मौजूद’ 23 लोगों को ग़ैरक़ानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) के तहत ‘आतंकवादी’ घोषित किया.गृह मंत्रालय के मुताबिक़, घोषित किए गए ‘आतंकवादियों’ में 17 पाकिस्तानी नागरिक हैं, जबकि 06 भारतीय नागरिक हैं सरकारी आदेश के मुताबिक़, इन लोगों का संबंध जैश-ए-मोहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा और कुछ अन्य संगठनों से बताया गया है.
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के कार्यालय ने आदेश जारी किया –

घोषित किए गए ये आतंकवादी भारत-विरोधी गतिविधियों में शामिल रहे हैं. उन पर आतंकवादी हमले करने, आतंकवाद के लिए उकसाने, हथियारों की तस्करी, सीमा पार घुसपैठ, आतंकवादी संगठनों को मदद पहुंचाने, धन जुटाने और आतंकवादियों की भर्ती करने जैसे आरोप हैं.
बयान में आगे कहा गया, घोषित किए गए 23 आतंकवादियों में 17 पाकिस्तान के नागरिक हैं और 06 भारतीय नागरिक हैं. वर्तमान समय में ये सभी पाकिस्तान और पाकिस्तान के क़ब्ज़े वाले जम्मू-कश्मीर से आतंकवादी गतिविधियों का संचालन कर रहे हैं. यूएपीए केंद्र सरकार को यह अधिकार देता है कि अगर उसे लगता है कि कोई व्यक्ति आतंकी गतिविधियों में शामिल है, तो उसका नाम ‘डेज़िग्नेटेड टेररिस्ट्स’ की सूची में जोड़ा जा सकता है.
इस सूची में नाम शामिल होने के बाद राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) उन व्यक्तियों के वित्तीय संसाधनों पर रोक और हथियारों की बिक्री पर प्रतिबंध लागू कर सकेगी. इसके अलावा उनकी संपत्तियां भी ज़ब्त की जा सकती हैं





















