
Raipur chhattisgarh VISHESH राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) रायपुर के गणित विभाग, ने सतत शिक्षा प्रकोष्ठ (सीईसी) के सहयोग से “Computational Methods for Data Science Integrated with Mathematical Modeling and Operations Research (CMDIMO-2026)” शीर्षक से एक सप्ताह की राष्ट्रीय स्तरीय लघु अवधि प्रशिक्षण कार्यक्रम (STTP) का सफलतापूर्वक शुभारंभ किया। यह कार्यक्रम 12 से 16 जनवरी 2026 तक आयोजित किया जा रहा है।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्घाटन समारोह 12 जनवरी 2026 को ऑनलाइन माध्यम में संपन्न हुआ। इस STTP का उद्देश्य डेटा विज्ञान, गणितीय मॉडलिंग एवं ऑपरेशंस रिसर्च के समन्वय से संबंधित समकालीन शोध क्षेत्रों का अन्वेषण करना है। कार्यक्रम का मुख्य फोकस कठोर गणितीय ढाँचों को संगणकीय बुद्धिमत्ता के साथ जोड़ते हुए विज्ञान, अभियांत्रिकी तथा सामाजिक अनुप्रयोगों में उभरती चुनौतियों के समाधान पर केंद्रित है। यह कार्यक्रम प्रतिभागियों को विशेषज्ञों के साथ संवाद करने का सशक्त मंच प्रदान करता है तथा डेटा-आधारित मॉडलिंग, अनिश्चितता परिमाणीकरण, अनुकूलन तकनीकों एवं उन्नत लर्निंग प्रणालियों की गहन समझ विकसित करने में सहायक है।

उद्घाटन सत्र में प्रो. एन. वी. रमना राव, निदेशक, एनआईटी रायपुर, मुख्य संरक्षक के रूप में तथा प्रो. जी. एन. सिंह (एचएजी), आईआईटी (आईएसएम) धनबाद, मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम को प्रो. शुभोजित घोष, अध्यक्ष, सीईसी, एनआईटी रायपुर, की गरिमामयी उपस्थिति से भी सम्मान प्राप्त हुआ। इस कार्यक्रम का समन्वय डॉ. अनुप कुमार शर्मा, डॉ. निलेश कुमार ठाकुर एवं डॉ. सुजीत कुमार सामंता द्वारा किया जा रहा है।
अपने संबोधन में निदेशक महोदय ने गणित विभाग एवं सतत शिक्षा प्रकोष्ठ द्वारा विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के नवीनतम विकासों के अनुरूप इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम के आयोजन की सराहना की। मुख्य अतिथि प्रो. जी. एन. सिंह ने डेटा विज्ञान के माध्यम से गणितीय मॉडलिंग एवं संगणकीय बुद्धिमत्ता के एकीकरण के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि किस प्रकार अंतःविषयक दृष्टिकोण, विशेष रूप से गणितीय मॉडलिंग एवं अनुकूलन तकनीकें, आधुनिक शोध परिदृश्य को रूपांतरित कर रही हैं तथा इष्टतम निर्णय-निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने भविष्य की वैज्ञानिक प्रगति के लिए आवश्यक विषयों को एक मंच पर लाने हेतु विभाग की प्रशंसा की।





















